........................................................................................................ जिसे कभी चंद्रग्रहण तो कभी सूर्यग्रहण के नाम से जाना जाता है, जिसमें कभी-कभी ग्रहण में चंद्र पर ग्रहण लग जाता है तो कभी कभी सूर्य पर ग्रहण लग जाता है. साधक, अनुष्ठान, जप के बाद भी नियमित मंत्र जप करते रहें। हम यहाँ वेबसाइट पर पूरी साधना नहीं https://thomasf677nhx0.blogaritma.com/profile